विश्व की बड़ी-बड़ी कंपनियों की पहली पसंद भारतीय सी.ई.ओ हैं। गूगल और माइक्रोसाफ्ट जैसी कंपनी भारतीयों के हाथ में है। गूगल के सी.ई.ओ सुंदर पिचाई हैं तो माइक्रोसाफ्ट के सत्य नडेला। हम आपको 6 भारतीय सी.ई.ओ के विषय में बताने जा रहे हैं जिनके हाथों में विश्व की बड़ी-बड़ी कंपनियों की कमान है।
1. सुदंर पिचाई
12
जुलाई
1972 को
मदुरै,
तमिलनाडु
में सुदंर
पिचाई का
जन्म हुआ।
भारतीय प्रौद्यौगिकी
संस्थान खडगपुर
से डिग्री
हासिल करने
के बाद
इन्होंने भौतिक
विज्ञान में
स्टेमफोर्ड
विश्वविद्यालय
से एम.एस.
और
इंजीनियरिग की।
तत्पश्चात
पेनसिल्वेनिया
विश्वविद्यालय
से एम.बी.ए.
किया।
गूगल से
जुड़ने से
पहले सुदंर
पिचाई मैकफिस्ने
एंड कंपनी
में संचालन
परामर्श के
रूप में
कार्य करते
थे। 2004
में
गूगल से
जुड़कर इन्होंने
एक छोटी
सी टीम
के साथ
कार्य आरंभ
किया। इनके
किए इस
कार्य के
परिणाम स्वरूप
लोग इंटरनेट
एक्सप्लोरल,
फायर
फाक्स से
गूगल सर्च
कर पा
रहे हैं।
इस कार्य
में सफलता
पाने के
बाद उन्होंने
स्वयं इंटरनेट
बा्रउजर बनाना
चाहा लेकिन
उस समय
के गूगल
के सी.ई.ओ.
ने
मना कर
दिया। लेकिन
पिचाई ने
इस कार्य
के लिए
गूगल के
सह निर्माताओं
को मना
लिया। वर्ष
2008 गूगल
ने सुदंर
पिचाई की
मदद से
खुद का
वेब ब्राउजर
लांच किया।
जो सफल
रहा। और
आज सुदंर
पिचाई गूगल
के सी.ई.ओ.
हैं।
यह भारत
के लोगों
के लिए
गर्व की
बात है।

2. सत्य नारायण नडेला
मूल
रूप से
भारतीय सत्य
नारायण नडेला
हैदराबाद के
रहने वाले
हैं। इन्होंने
मनिपाल विश्वविद्यालय
से इलेक्ट्रानिक
इंजीनियरिंग की
और उसके
बाद अमेरिका
से कम्प्यूटर
साइंस में
एम.एस.
और
एम.बी.ए.
किया।
इन्होंने अपने
कैरियर की
शुरूआत माइक्रोसिस्टम
से की
तथा बाद
में माइक्रोसाफ्ट
से जुड़
गए। 21
वर्ष
के अपने
कार्य काल
में नडेला
सर्वर ग्रुप
से शुरूआत
की बाद
में उन्होंने
साफ्टवेयर विभाग,
आन
लाइन सर्विस
आदि में
कार्य किया
और हेड
बनकर सर्वर
विभाग में
वापसी की।
4 फरवरी
2014 को
वह माइक्रोसाफ्ट
में प्रमुख
कार्यकारी अधिकारी
बने। आज
वह माइक्रोसाफ्ट
के फ्लाइड
एंटरप्राइज ग्रुप
के एग्जीक्युटिव
प्रेसीडेंट हैं।

3. राजीव सूरी
राजीव सूरी का जन्म 10 अक्टूबर 1857 को भारत में हुआ। इन्होंने मनिपाल प्रौद्योगिकी संस्थान से डिग्री प्राप्त की। इन्होंने अगस्त 2007 से सितंबर 2009 तक भारत में नोकिया सीमेंस के सेवा प्रभाग का नेतृत्व किया। वर्तमान समय में ये नोकिया सोलूशन्स एंड नेटवर्क्स के मुख्य कार्यकारी अधिकारी हैं। यह उन उच्च कंपनी के अधिकारियों में से हैं एक हैं जिन्होंने बिना एम.बी.ए. या अन्य परास्नातक डिग्री के इतनी उपलब्धियाँ हासिल कीं।

4. अजयपाल सिंह बंगा
अजयपाल
सिंह का
जन्म 1960
पुणे,
महाराष्ट्र
में हुआ
था इन्होंने
दिल्ली विश्वविद्यालय
और भारतीय
प्रबंध संस्थान,
अहमदाबाद
से शिक्षा
प्राप्त की।
वर्तमान समय
में विश्व
प्रमुख क्रेडिट
कार्य मास्टर
कार्ड के
अध्यक्ष और
मुख्य कार्यकारी
अधिकारी हैं।
19 अक्टूबर
2014 में
हार्वर्ड बिजनेस
रिव्यू ने
इन्हें 2014
के
विश्व के
100 सर्वश्रेष्ठ
मुख्य कार्य
अधिकारी की
सूची में
इन्हें 64वें
स्थान पर
ाखा। इस
सूची में
शामिल होने
वाले ये
एकमात्र भारतीय
है।

5. शांतनु नारायण
27
मई
1962 हैदराबाद,
तेलंगाना
में जन्मे
शांतनु ने
उस्मानिया
विश्वविद्यालय
से इलेक्ट्रानिक
इंजीनियरिंग की।
तत्पश्चात
कैलिफोर्निया
विश्वविद्यालय
से एम.बी.ए.
और
बाइलिंग ग्रीन
विश्वविद्यालय
ओहायो से
कंप्यूटर विज्ञान
में स्नातकोत्तर
की डिग्री
ली। इन्होंने
अपना कैरियर
एपल इंक0
से
आरंभ किया।
तत्पश्चात सिलिकान
ग्राफिक्स तथा
फिर पिक्ट्रा
इंक के
सह संस्थापक
बने। 1998
में
इन्होंने अडोबी
में वैश्विक
उत्पाद शोध
के0
लि0
में
सीनियर वाइस
प्रेसिडेंट का
पद संभाला।
जनवरी 2005
में
41 वर्ष
की आयु
में सी0ई0ओ0
के
पद पर
नियुक्त किया
गया। 2018
में
फार्च्युन बिजनेस
पर्सन आफ
द इयर
की 20
लोगों
की सूची
में इनका
नाम 12वें
स्थान पर
है।

6. इंद्रा कृष्णामूर्ति नुई
28 अक्टूबर 1955 में मद्रास तमिलनाडू में जन्मी इंद्रा नुई ने मद्रास क्रिश्चियन कालेज, इंडियन इंस्टीट्यूट आफ मैनेजमेंट, कलकत्ता और येल स्कूल आफ प्रबंधन में शिक्षा प्राप्त की। 1986-90 के मध्य इन्होंने मोटोरोला कंपनी कारपोरेट स्टै्रटजी के उपाध्यक्ष के रूप में कार्य किया। 1994 में ये पेप्सिको में शामिल हुईं और 2011 में अध्यक्ष और मुख्य कार्य अधिकारी बनीं। 2011 से एक कंपनी भी चला रही हैं जिसके 200 से अधिक देशों में उपभोक्ता हैं।
